Recent Posts

January 24, 2026

समाचार पत्र और मीडिया है लोकतंत्र के प्राण, इसके बिन हो जाता है देश निष्प्राण।

माघी पुन्नी मेला के अंतिम दिन शाही स्नान और जुलूस में उमड़ी नागा साधु-संतों की टोली

कलेक्टर,सीईओ ने भी लगाई डुबकी

मनीष शर्मा

राजिम,राजिम माघी पुन्नी मेला 2020 के अंतिम दिवस महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर नागा बाबाओं, साधु-संतों, विभिन्न अखाड़ों के साधुओं की शाही स्नान के लिए ऐतिहासिक शोभायात्रा संत समागम स्थल परिसर से सुबह 7.30 बजे निकली। इस शोभा यात्रा में समस्त नागा, साधु-संतों के साथ गरियाबंद कलेक्टर श्याम धावड़े, पुलिस अधीक्षक एमआर आहिरे, मुख्य कार्यपालन अधिकारी विनय कुमार लंगेह, ओएसडी एवं सदस्य राजिम मेला गिरीश बिस्सा, परियोजना अधिकारी डाॅ. सुधीर पंचभाई, के अलावा स्थानीय जनप्रतिनिधि भी शामिल हुए।

शोभायात्रा संत समागम से प्रारंभ होकर श्रीकुलेश्वरनाथ महादेव मंदिर के पीछे मार्ग से नेहरू बाल उद्यान होते हुए, राजिम पुल, पं. सुंदरलाल शर्मा चैक, गौरवपथ राजिम, व्हीआईपी मार्ग होते हुए मेला में बने शाही कुंड में पहुंचे। शोभायात्रा का स्वागत दोनों शहर नवापारा और राजिम में विभिन्न चैक चैराहों में फूलमालाओं बरसा कर किया गया। शोभायात्रा में विभिन्न चैक में अनेकों अस्त्र-शस्त्रों से लैस नागा बाबाओं, साधु-संतों का शौर्य प्रदर्शन करते हुए अखाड़े चलाते रहे।शोभायात्रा शाही कुंड के पास पहुंचा, जहां शस्त्र पूजन पश्चात सर्वप्रथम नागा बाबाओं ने कुंड में छलांग लगाई और शाही स्नान की प्रक्रिया पूरा की।

इसी के साथ गरियाबंद कलेक्टर श्याम धावड़े, जिला कोषालय अधिकारी केके दुबे, ओएसडी गिरीश बिस्सा भी अन्य अधिकारी के साथ कुंड में डुबकी लगाने के लिए उतर गए। शाही स्नान करने विभिन्न अखाड़ों के साथ स्थानीय जनप्रतिनिधि भी शामिल हुए।इस विहंगम दृष्य को देखने पुरे मेला क्षेत्र के अलावा कुंड के पास बड़ी संख्या श्रद्धालुओं एवं दर्शनार्थी की भीड़ उमड़ी हुई थी।इस दौरान बैसाखूराम साहू, विकास तिवारी, मंगराज सोनकर, राजा चावला, राकेश सोनकर, रामा यादव, ओएसडी गिरीश बिस्सा, सुधीर दुबे सहित बड़ी संख्या में विभागीय अधिकारी के अलावा जनप्रतिनिधि उपस्थित थे। सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस विभाग द्वारा तगड़ी व्यवस्था की गई थी।


संत महात्माओं और श्रद्धालुओं के प्रति कलेक्टर धावड़े ने किया आभार…

इस अवसर पर गरियाबंद कलेक्टर एवं स्थानीय समिति के अध्यक्ष श्याम धावड़े ने साधु-संतों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि यह मेरा सौभग्य है कि मैं साधु-संतों के साथ पुण्य स्नान में शामिल हुआ हूं। राजिम का यह सौभाग्य है कि राजिम माघी पुन्नी मेला के अवसर पर इन साधु-संतो ने अपना आशीर्वाद दिया और मेला की सार्थकता को सफल बनाया। इसके आलावा धावड़े ने राजिम आने वाले समस्त श्रध्दालुओं और पर्यटकों के प्रति भी आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि महाशिवरात्रि के इस पावन पर्व पर राजिम सहित छत्तीसगढ़ केे समस्त निवासियों के सुख समृध्दि की कामना करता हूं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *