मैनपुर इलेक्ट्रिकल्स दुकान के संचालक लालू प्रजापति ने सीएम हेल्पलाइन नंबर में फोन लगाकर मदद की गुहार लगाई
- शेख हसन खान, गरियाबंद
- लालू प्रजापति का आरोप – 3 साल बाद भी पंचायत चुनाव और विधानसभा चुनाव में कराए गए बिजली कार्यों का नहीं मिला भुगतान
गरियाबंद । गरियाबंद जिले के मैनपुर स्थित इलेक्ट्रिशियन दुकान के संचालक लालू प्रजापति ने ग्राम पंचायत मैनपुर के पूर्व सरपंच और सचिव पर गंभीर आरोप लगाते हुए बकाया राशि के भुगतान की गुहार लगाई है और मुख्यमंत्री हेल्पलाइन नंबर मे फोन लगाकर शिकायत दर्ज कराई है। लालू प्रजापति के अनुसार, विधानसभा चुनाव 2023-24 और त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव 2024-25 के दौरान ग्राम पंचायत मैनपुर के पूर्व सरपंच बलदेव राज ठाकुर एवं सचिव संजय नंदाल के निर्देश पर उन्होंने चुनाव केंद्रों में बिजली फिटिंग, बोर मरम्मत, लाइट सेटिंग और ग्राम पंचायत से संबंधित बोर्ड व ट्यूबवेल के अन्य आवश्यक सामग्रियां ग्राम पंचायत को उपलब्ध कराई थीं जिसकी कुल राशि 1 लाख 53 हजार का है किन्तु ग्राम पंचायत द्वारा मुझे दो किस्त मे पहले बार 40 हजार व दूसरी बार 20 हजार भुगतान किया गया और 93 हजार रूपये राशि शेष लेना बाकी है कई बार मेरे द्वारा पूर्व और वर्तमान सरपंच से राशि भुगतान की मांग कर थक चुका हू लेकिन विगत तीन वर्षो से मेरी मेहनत की कमाई के लिए भटक रहा हॅू।
- सुशासन तिहार से भी नहीं मिली राहत
पीड़ित दुकानदार लालू प्रजापति का कहना है कि काम पूरे हुए लगभग तीन वर्ष बीत चुके हैं, लेकिन बार-बार चक्कर काटने के बावजूद अब तक उनकी बकाया राशि का भुगतान नहीं किया गया है। अधिकारियों और पंचायत प्रतिनिधियों की उपेक्षा से तंग आकर उन्होंने हाल ही में आयोजित सुशासन तिहार शिविर के दौरान लिखित आवेदन देकर अपनी समस्या से अवगत कराया था। हालांकि, वहां से भी राहत न मिलने पर उनका इंतजार खत्म नहीं हुआ।
- सीएम हेल्पलाइन का लिया सहारा
स्थानीय स्तर पर समाधान न होने से निराश होकर लालू प्रजापति ने अब सीएम हेल्पलाइन नंबर पर अपनी शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने प्रशासन से गुहार लगाई है कि मामले में तत्काल हस्तक्षेप करते हुए उनकी मेहनत की कमाई का जल्द से जल्द भुगतान कराया जाए। पंचायतों के चक्कर लगा-लगाकर थके, अब सीएम से न्याय की उम्मीद मामले में मैकेनिक लालू प्रजापति ने बताया, मैं कई बार अपने पैसों की मांग के लिए ग्राम पंचायत से लेकर जनपद स्तर तक चक्कर लगा चुका हूं, लेकिन अब तक मेरी समस्या का समाधान नहीं हुआ है। थक-हारकर मजबूरन मैंने मुख्यमंत्री हेल्पलाइन नंबर पर अपनी गुहार लगाई है। मुझे मुख्यमंत्री जी से पूरी तरह से न्याय की उम्मीद है।
